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साहब! फसल बचानी है, दिन में दे दो बिजली

-दिनमेंतीनसेचारघंटेबिजलीमिलनेपरनहींहोपारहीफसलकीसिचाई

-निजीसबमर्सिबलपंपकेपानीकाबहावअधिकहोनेकीवजहसेरातमेंसिचाईसंभवनहीं

संवादसहयोगी,छिबरामऊ:साहब!फसलबचानीहै,दिनमेंदेदोबिजली।यहफरियादइससमयग्रामीणक्षेत्रमेंकिसानबिजलीविभागकेअधिकारियोंसेमोबाइलफोनपरकररहेहैं।अधिकारीअपनीमजबूरीजाहिरकररहेहैं।वहींकिसानोंकोफसलकेसूखनेकाडरसतारहाहै।

बिजलीकीआपूर्तिफसलकीसिचाईकेलिएपर्याप्तनहींहोपारहीहै।इसकीपड़तालकरनेकेलिएजागरणटीमग्रामीणक्षेत्रमेंनिकली।प्रेमपुरक्षेत्रकेकिसानआशीषकुमारनेगांवमाधौनगरमेंग्लेडियोलसकीखेतीकीहै।फूलमेंपानीलगानेकेलिएवहफावड़ालिएखेतकेबाहरबैठेथे।बतायाकितीनदिनसेदिनभरपानीकेलिएइंतजारकररहेहैं।बिजलीबेहदकममिलपारहीहै।ऐसेमेंआसपासकेकिसानोंकीआलूकीफसलकीसिचाईनहींहोपारहीहै।इनखेतोंमेंपानीलगनेकेबादवहफसलकीसिचाईकरसकेंगे।कुछआगेबढ़नेपरगांवमाधौनगरमेंनिजीसबमर्सिबलपंपकेपासफावड़ालिएकिसानमुन्नालालबैठेमिले।उनकेपासगांवकेहीकिसानसर्वेशकुमारवगांवनगलाभजानिवासीकिसानसंतोषयादवभीबैठेथे।सभीकोआलूकीफसलमेंपानीलगानेकेलिएबिजलीकाइंतजारथा।किसानोंकाकहनाथाकिआलूकीफसलमेंरातकोपानीनहींलगायाजासकताहै।खेतोंकेकटनेकाडररहताहै।अधिकपानीलगनेसेआलूकीफसलखराबहोसकतीहै।ऐसेमेंदिनमेंहीपानीलगातेहैं।दिनमेंबमुश्किलतीनसेचारघंटेबिजलीमिलतीहै।एककिसानकीफसलहीएकदिनमेंनहींभरपातीहै।अधिकारियोंसेकईबारदिनमेंआपूर्तिदेनेकीमांगकरचुकेहैं।कोईध्याननहींदियाजाताहै।येकेवलइनचारकिसानोंकीहीसमस्यानहींहै।आलूकीफसलकरनेवालेसभीकिसानइससमयदिनमेंबिजलीकटौतीकोलेकरपरेशानहैं।माधौनगरमेंएकत्रितकिसानोंनेनारेबाजीकरविरोधप्रदर्शनभीकिया।दिनमेंसातसेआठघंटेकीआपूर्तिदिएजानेकीमांगकी।आंदोलनकीचेतावनीभीदी।

जिम्मेदारबोलेरातकोग्रामीणक्षेत्रोंमेंनिर्बाधआपूर्तिकेआदेशहैं।दिनमेंहीकंट्रोलरूमसेआपूर्तिकीकटौतीकीजातीहै।मेनसप्लाईफेलहोनेकीवजहसेक्षेत्रकीआपूर्तिबाधितरहतीहै।दिनमेंस्थानीयस्तरपरकटौतीकरनेसेमनाकियागया।किसानोंकीसमस्याकेनिराकरणकेलिएउच्चाधिकारियोंकोजानकारीदीजाएगी।

-रवींद्रकुमार,अधिशासीअभियंताडिवीजनछिबरामऊ