• Home
  • Congress को आक्सीजन देकर जिंदा करने में जुटी प्रियंका

Congress को आक्सीजन देकर जिंदा करने में जुटी प्रियंका

बंगलुरु।आरएसएसचीफमोहनभागवतकोआरक्षणवालेबयानपरट्वीटघेरनेवालीकांग्रेसमहासचिवप्रियंकावाड्राकांग्रेसकीखिसकीहुईसियासीजमीनकाआधारमजबूतकरनेमेंजुटचुकीहैं।लोकसभाचुनावमेंकरारीपराजयकेबादउत्तरप्रदेशमेंकोमामेंपहुंचचुकीकांग्रेसकोएकबारआक्सीजनदेकरजिंदाकरनेकीजिम्मेदारीउन्होंनेउठायीहै।

वहपार्टीकोजमीनीस्तरकोमजबूतकरनेकेलिएऐसेकंधेतलाशरहीहैजोपार्टीकाभारकाजिम्मेदारीसेउठासकें।उन्होंनेपार्टीकेअंदरूनीहालातकोदुरुस्तकरनेऔरजमीनीस्तरपरसंगठनकोमजबूतकरनेकीदिशामेंकामशुरूकरनेकेलिएनेताविधानमंडलदलअजयकुमारलल्लूकोऐसेकार्यकर्ताओंकोचिन्हितकरनेकीजिम्मेदारीसौंपीहै,जोसंगठनकोमजबूतकरसकें।मालूमहोकिलोकसभाचुनावमेंकरारीहारकेबादकांग्रेसआलाकमाननेउत्तरप्रदेशकीसभीकमेटियोंकोभंगकरदियाथा।इसकेबादसेपार्टीअभीपूरेप्रदेशमेंइकाईविहीनहै।कांग्रेसअबासभीजिलोंमेंऐसेलोगोंकीतलाशमेंजुटगयीहैजोपार्टीकेविचारोंकोलेकरकांग्रेसकोजमीनीस्तरपरमजबूतकरें।हालांकिवहपूरेप्रदेशकादौराकरचुके,लेकिनअभीकुछपरिणामसामनेआतादिखनहींरहाहै।

प्रियंकाचाहतीहैंकिइसबारसंगठनमेंऊर्जावानऔरमेहनतीलोगोंकोतरजीहमिले,जिससेलंबेसमयसेमृतप्रायस्थानीयकमेटियोंमेंजानआसके।प्रियंकागांधीलंबेसमयसेदिल्लीमेंपूर्वीउत्तरप्रदेशकीजिला-शहरइकाइयोंकेगठनकोलेकरमंथनकररहीहैं।सभीजिला-शहरकमेटियांभंगहैंऔरइनकीजगहनईकमेटियांबनायीजाएगी।इसीलिएरोजानाइसलिएवहदो-तीनजिलोंकेप्रमुखनेताओंकेसाथबैठककरसंगठनकोमजबूतीदेनेमेंलगचुकीहैं।इसीकेसाथउनकीकोशिशकार्यकर्ताओंकोआंदोलनोंकेलिएतैयारकरनेकीहै।

प्रियंकागांधीकोमहासचिवबनानेसेयूपीकेकांग्रेसकार्यकर्ताओंकाउत्साहजरूरबढ़ाथालेकिनलोकसभाचुनावमेंकरारीहारकेबादइसउत्साहकीहवानिकलगयी।प्रियंकागांधीकेलिएचुनौतियांबहुतबड़ीहैं।सचकहेंतोयूपीमेंकांग्रेसकोलगभगशून्यसेशुरूसेकरनाहै,क्योंकिनीचेपंचायतऔरवार्डस्तरपरउसकासंगठितढांचाउजड़गयाहै।अबकांग्रेसलीडरशिपकोशायदयहलगनेलगाहैकियूपीजैसेबड़ेराज्यमेंमहासचिवकेलिएसबसेबड़ीचुनौतीबूथस्तरकाढांचाखड़ाकरनाहै।

दिनपरदिनकांग्रेसकीहालतहुईखराब

2019लोकसभाचुनावमेंउत्तरप्रदेशमेंमात्रएकसीटपरकांग्रेसअपनीजीतदर्जकरवापायी।उत्तरप्रदेशकीअमेठीसीटपरम्परागतरूपसेकांग्रेस,औरविशेषकरगांधीपरिवारकागढ़मानीजातीरहीहैवहांसेपार्टीकेपूर्वअध्‍यक्षराहुलगांधीचुनावहारगये।जिसकारणयहगांधीकागढ़मानीजानेवालीसीटीभीकांग्रेसकेहाथसेनिकलगयी।2017केविधानसभाचुनावमेंउसनेराज्यकेसत्तारूढ़दलसेगठबंधनबनाकरचुनावलड़ाथा,फिरभीकुल403मेंसेसिर्फसातसीटेंउसकेहाथआईं।1984केआमचुनावमेंकांग्रेसनेयूपीमें51फीसदीवोटोंकेसाथकुल85मेंसे83लोकसभासीटेंजीतीथीं,लेकिनउसकेबादसेवहलगातारलुढ़कतीहीगईहै।इसकाअकेलाअपवाद2009काआमचुनावथा,जिसमें21सीटेंहासिलकरकेवहराज्यमेंदूसरेनंबरपररही।

शीर्षनेतृत्वकातात्कालिकजरूरतोंकेतहतराज्यकेदोनोंक्षेत्रीयदलोंकेआगेघुटनेटेकदेनाभीकांग्रेसकोबुढ़ापेकीओरलेगया,लेकिनउसकीअधोगतिकासबसेबड़ाकारणयहरहाकियूपीमेंकोईमजबूतजमीनीनेतृत्वखड़ाकरनापार्टीआलाकमानकेअजेंडेपरहीनहींरहा।नतीजायहकिपार्टीमेंराजनीतिकसंस्कृतिसमाप्तहोगईऔरचाटुकारिता-गुटबाजीकाबोलबालाहोगया।इनताहीनहींहरतरफसेहारमिलनेकेबादकांग्रेसनाकारात्‍मकराजनीतिकरनेलगी।जिसकारणजनताकेबीचकांग्रेसनेरहीसहीसाखकोभीखोदी।अबदेखनाहैंकिप्रियंकामरणासनकांग्रेसकोआक्सीजनदेकरजिंदाकरपाएगीयानहीं?