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बूंद-बूंद को तरसीं नाहरी व कोटबेजा पंचायतें

संवादसहयोगी,सोलन:कसौलीउपमंडलकीपंचायतनाहरीवकोटबेजाकेलोगइनदिनोंपेयजलकिल्लतकासामनाकररहेहैं।पेयजलकीएक-एकबूंदकेलिएमारे-मारेफिरनापड़रहाहै।मवेशियोंकेलिएभीपेयजलनहींमिलरहा।लोगोंमेंजलशक्तिविभागकेखिलाफगहरारोषपनपरहाहै।

इनपंचायतकेगांवोंमेंमध्याणाउठाऊपेयजलयोजनासेसप्लाईकीजातीहै।हालांकिपिछलेकुछसालोंसेविभागनेयहपेयजलयोजनाठेकेदारकेहाथोंमेंदीहै।ग्रामीणोंद्वाराअपनेगांवोंमेंपेयजलसमस्याकोविभागकेसामनेरखनेपरविभागीयअधिकारीयोजनाठेकेदारकेपासहोनेकाहवालादेकरपल्लाझाड़लेतेहैं।

हेमलता,चंद्रकांता,वंदना,अरुण,ज्योति,नीलम,शुभम,नीलकमल,इंद्रविजयकुमारवचेतनाआदिकाकहनाहैकिलोगोंकोपिछलेएकसप्ताहसेभीअधिकसमयसेपेयजलसप्लाईनआनेकेकारणभारीसमस्याओंकासामनाकरनापड़रहाहै।हालांकिसोमवारकोकईगांवोंमेंपेयजलसप्लाईआई,लेकिनअव्यवस्थासेचिंतितलोगोंकोगांवमेंसप्लाईकानंबरआनेकाइंतजारकरनेकेलिएमजबूरहोनापड़रहाहै।नाहरीपंचायतकेमंझलामध्याणा,सोयता,पालथी,थापलवकोटबेजापंचायतकानिचलामध्याणागांवऐसेक्षेत्रहैंजहांप्राकृतिकपेयजलस्रोतोंकाभीकोईसहारानहींहै।ऐसेमेंवहकेवलविभागीयसप्लाईपरहीनिर्भरहैं।

ग्रामीणोंकाआरोपहैकिपेयजलसप्लाईमेंभीग्रामीणक्षेत्रोंकीबजायशहरीक्षेत्रोंकोप्राथमिकतादीजातीहै।ग्रामीणक्षेत्रोंमेंसड़केंनहोनेकेकारणटैंकरभीनहींआसकते।

उधर,इससंबंधमेंएसडीओजलशक्तिविभागधर्मपुरसेफोनपरकईबारसंपर्ककरनेपरभीउनसेबातनहींहोसकी।

योजनामेंरेवड़ियोंकीतरहबांटदिएकनेक्शन

मध्याणाउठाऊपेयजलयोजनाजिससमयतैयारकीगईथी,उससमयइसकोसीमितक्षेत्रोंकेलिएबनायागयाथा,लेकिनआजकेसमयमेंइसयोजनाकापानीकईपंचायतोंमेंपहुंचादियाहै।हरघरनलयोजनाकेतहतसैकड़ोंनएकनेक्शनलगाकरविभागनेइसयोजनापरअतिरिक्तबोझडालदियाहै।ग्रामीणोंकाकहनाहैकिपहलेयोजनामेंआनेवालेगांवोंमेंपेयजलव्यवस्थासुचारूकरेऔरअबइसयोजनासेअन्यपंचायतोंमेंनएकनेक्शनपरभीरोकलगाईजाए,ताकिजोपहलेकनेक्शनलगेहैंउन्हेंतोसुगमतासेपेयजलमिलसके।